Employment News

Rojgar Samachar
Rojgar Samachar 2023 Latest Jobs रोजगार समाचार 2023 Sarkari Naukari Sarkari Result
Join WhatsApp Channel Join Now
Join Telegram Group Join Now

Godhan Nyan Yojana गोधन न्याय योजना

Godhan Nyan Yojana:छत्तीसगढ़ सरकार ने किसानो की आय और पशुधन विकास को बढ़ावा देते हुए छत्तीसगढ़ सरकार ने गोधन न्याय योजना की शुरआत की है। और ऐसा करने वाला छत्तीसगढ़ देश का पहले राज्य है। और ये ऐसा पहली बार हो रहा है जब सरकार गोपालको के पशुओ के गोबर की खाद को सरकार द्वारा योजना बनाकर ख़रीदा जा रहा है इस योजना के लागु करने का उदेश्य पशुओ के खुले में चराई को रोकना है।

गोधन न्याय योजना

गोधन न्याय योजना के अंतर्गत किसानो के पशुओ की खाद को सहकारी समिति दवारा ख़रीदा जायेगा और इससे वर्मी कम्पोस्ट खाद का निर्माण किया जायेगा इस योजना का शिलान्यास 21 जुलाई को हरेली त्योहार के दिन होगा। छत्तीसगढ़ के किसानो को आर्थिक मजूबती प्रदान करने और किसानो की आय को अधिक करने के प्रयोजन से ये योजना शुरू की जा रही है।

Godhan Nyan Yojana

Previous Articles

 स्माम किसान योजना 2023 SMAM Yojana ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन

 Raj Police Mitra Yojana 2023 Online Application Form, पुलिस मित्र , Eligibility Info

 R a j a s t h a n Police Admit Card 2023, Exam Date Latest News

 Mera Paani Meri Virasat मेरा पानी मेरी विरासत, Agriculture & Farmaes Welfare

छत्तीसगढ़ गोधन न्याय योजना

इस योजना के संचालन के लिए 5 मंत्रियो की समिति बनाई गई है। ये समिति गोबर के खाद की दर का निर्धारण, प्रति किसान खाद खरीदने की मात्रा को निर्धारित करेगी और इसके अलावा इस योजना के लिए जरूरी अन्य कार्य का संचालन भी ये समिति करेगी। छत्तीसगढ़ में योजना प्रभावी रूप से लागु होने के बाद इस योजना से यदि किसानो और सरकार को फायदा हुआ तो ये योजना देश के अन्य राज्यों में भी शुरू की जा सकती है।

Latest Govt Scheme

इस योजना के क्रियान्वयन के लिए सरकार द्वारा रिपोर्ट तैयार कर इसके लिए खाद खरीद और वर्मी कम्पोस्ट प्लांट लगाने और अन्य कार्य संचालन के लिए वेब पोर्टल या किसी अन्य माध्यम का इस्तेमाल कर योजना का लाभ सीधे किसानो और गोपालको तक पहुंचाया जायेगा।

गोधन न्याय योजना के लाभ

  • इस योजना से किसानो के लिए रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
  • ग्रामीण किसानो की आर्थिक व्यवस्था में सुधार होगा और किसान आत्म निर्भर बनेंगे।
  • कृषि के लिए किसानो की प्राकृतिक खाद मिलेगी जिससे कीटनाशक के उपयोग में कमी संभव होगी।
  • पशुपालको को अपने पशुओ को चराई के लिए किसी अन्य स्थानों पर नहीं जाना होगा। और पशुओ का सरक्षणं होगा।
  • सड़को और बाजारों में घूमने वाले आवारा पशुओ की संख्या में कमी होगी।
  • जैविक खेती को बढ़ावा मिलेगा जिससे भूमि प्रदूषण में कमी होगी।
  • पशुओ की अकाल मृत्यु में कमी होगी।

Leave a Comment